Ode to coffee

में और मेरी कॉफी अक्सर बातें किया करते हैं

तुम ना होती तो ऐसा होता, तुम ना होती तो वैसा होता
तुम कभी कॅपुचीनो ना होती, तुम कभी मोकाचिनो भी ना होती
तुम ना होती तो ऐसा होता, तुम ना होती तो वैसा होता
में और मेरी कॉफी अक्सर बातें किया करते हैं

यह रात है, या एस्प्रेस्सो का उभरा हुआ रंग
यह चांदनी है, या तुम्हारी आरजू में नींदें उडी है
यह चाँद है, या तुम्हारे कप की नाजुक चमक
ये सितारे है या तुमपर बिछी हुई रौशनी की झिलमिलाहट
ये हवा का झोंका है, या तुम्हारी उड़ती हुई खुशबू
ये पत्तियों की है सरसराहट, या तुमने चुपके से मुझे पुकारा
ये सोचता हूँ मैं कबसे गुमसुम
की जब मुझको भी है ख़बर की तुम नही हो
दिल कहता है की तुम यही हो, यही कही हो

में और मेरी कॉफी अक्सर बातें किया करते हैं

I could have written much more, but the original verse is too beautiful to attempt such a thing.
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  1. November 3, 2011 at 4:06 PM

    Darn is there an English version?

  2. November 3, 2011 at 10:07 PM

    That’ll be tough.. this is originally a hindi movie song from the 80s.. and it’s one of those gems that just can’t be translated.

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